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कड़वी व्यवस्था से किसान परेशान

Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Fri, 18 Feb 2022 10:38 PM IST
Farmers upset due to bitter system
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हरियावां। अपनी मीठी-मीठी उपज बेचने मिल के क्रय केंद्र पर आने वाले किसान कड़वी व्यवस्था से नाखुश हैं। केंद्र पर लोडर की व्यवस्था नहीं की गई है। लिहाजा 100 रुपये अतिरिक्त खर्च देकर किसानों को प्राइवेट व्यवस्था से ट्राली खाली करानी पड़ रही है।

हरियावां चीनी मिल के अंतर्गत गन्ना क्रय केंद्र बनाए गए हैं। इनका मुख्य उद्देश्य गन्ना किसानों को बिना परेशानी उपज बेचने की बेहतर सुविधा देना है, लेकिन ऐसा हो नहीं रहा।

हरियावां चीनी मिल में इस सत्र में गन्ना किसान शोषण का शिकार हो रहे हैं। किसान इसका विरोध भी कर चुके हैं, लेकिन नतीजा कुछ नहीं निकला। विकासखंड के रनियामऊ में गन्ना क्रय केंद्र पर बृहस्पतिवार को गन्ने की ट्रालियां खड़ी हुई थी।
कई किसान गन्ना की ट्राली तौल कराने के लिए इंतजार कर रहे थे। गन्ना किसानों का आरोप है की गन्ना खाली करने के लिए लोडर न होने के कारण गन्ना की तौल नहीं की जा रही है,। जबकि गन्ना की ट्राली खाली कराने के लिए उनसे 100 रुपये अतिरिक्त खर्च मांगा जा रहा है।
लोडर व्यवस्था के ठेकेदार गन्ना किसानों से प्रति ट्राली 100 रुपये लेते हैं। यदि किसान रुपये नहीं देता है तो उसकी ट्राली नहीं खाली की जाती है। किसानों को अपने गन्ने की ट्राली का गन्ना जमीन में उतारने से मना भी किया जाता है।
गन्ना क्रय केंद्र पर मौजूद स्टाफ का कहना है कि यदि आप रुपये न दें तो सीधे गन्ने को ट्रक पर लोड करें। ऐसी स्थिति में मजबूरी में गन्ना किसान गन्ना खाली करने के नाम पर लोडर मालिक को 100 रुपये प्रति ट्राली देते आ रहे हैं।
उसके बाद तौल की जाती है। रनियामऊ गन्ना क्रय केंद्र और ठंड और गन्ना क्रय केंद्र पर एक ही लोडर से काम चलाया जा रहा है। यह लोडर एक दिन पड़ोस के गन्ना क्रय केंद्र पर चला जाता है, जिसके कारण गन्ना किसान एक दिन अपनी गन्ने की ट्राली या क्रय केंद्र पर खड़े रखते हैं।
गन्ना विभाग चाहे जितने दावे करता हो, लेकिन चीनी मिल के नियम के आगे यह सब दावे घुटने टेकने लगते हैं। इस संबंध में रनियामऊ गन्ना क्रय केंद्र प्रभारी कुलदीप शुक्ला ने बताया कि गन्ना जमीन में गिराने से नुकसान होता है,
जिसके कारण गन्ना की तौल तभी की जाती है, जब से ट्राली को खाली कराना होता है। हरदोई गेट गन्ना सचिव मनोज तिवारी ने बताया कि चीनी मिल ने अपनी सुविधा के अनुसार बनाया है, ऐसा कोई नियम नहीं है।
यदि किसी गन्ना किसान से ट्राली खाली कराने के नाम पर रुपये लिए जाते हैं तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
गन्ना क्रय केंद्र पर लोडरों को ठेका दिया गया है। वह गन्ना किसानों से किसी प्रकार की वसूली नहीं करते हैं। यदि कहीं से ऐसी शिकायत मिलती है तो इसकी जांच कराकर उचित कार्रवाई की जाएगी। लोडर कम हैं, तो उनकी संख्या जानकारी की जाएगी।
- संजीव कुमार तोमर, महाप्रबंधक, गन्ना

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